खान-पान और सेहत
गर्मियों का भरपूर मज़ा कैसे लें..

In this article
गर्मियों में कुदरत के साथ क़दम मिलाने और मौसम का पूरा आनंद लेने के लिए हमें अपनी जीवनशैली में बदलाव करना पड़ता है। हर मौसम अपने साथ अपनी ख़ुशियाँ लाता है। गर्मियाँ एक नई शुरुआत हैं, जब कुदरत ‘जीवंत’ हो उठती है और हमारा मन खिल उठता है।
खाने को कई तरह के खरबूज़-तरबूज़ और ‘फलों का राजा’ आम जैसे स्वादिष्ट मौसमी फल हैं, जीने को लंबे दिन हैं, साफ़ रातें हैं जिनमें ठंडी हवा के झोंके से गर्मी टूटने की उम्मीद रहती है, सड़कों किनारे सूरजमुखी और अमलतास से सजे हरे-भरे चौराहे हैं, और हाँ, हम कैसे भूल सकते हैं, यह आधिकारिक तौर पर आइसक्रीम का मौसम है! बच्चों के लिए तो यह छुट्टियों का समय है और पढ़ाई के दबाव के बिना मनमर्ज़ी करने के ख़्याल से ही उनकी ख़ुशी दोगुनी हो जाती है।
क्या करें
- जल्दी सोएँ, जल्दी उठें: गर्म दिनों का यही मंत्र होना चाहिए, ताकि आप तापमान चढ़ने से पहले उठ जाएँ और गर्मी आपकी नींद न बिगाड़े।
-
अच्छे नाश्ते से ताज़ा शुरुआत: भरपूर नाश्ता करते रहें, बस उसमें फल ज़्यादा शामिल करें, ताकि शरीर हाइड्रेटेड रहे और दिन चढ़ने के साथ आप ताज़ा महसूस करें।
- हल्के कपड़े पहनें: हल्के रंगों के हल्के कपड़े पहनना याद रखें। पसीना आए तो कपड़े बदल लें, क्योंकि पसीने से भीगे कपड़े हवा लगने पर आपको बीमार कर सकते हैं।
- ख़ूब पानी पिएँ: जितना हो सके पानी पिएँ और हर समय हाइड्रेटेड रहें। दिन भर ऊर्जावान रहने के लिए आप चुटकी भर नमक और चीनी वाला नींबू पानी भी पी सकते हैं। अपने साथ एक बोतल रखना सबसे अच्छा है।
- सेहतमंद खाएँ: जितना हो सके बाहर का खाना न खाएँ, क्योंकि इस मौसम में ठीक से न रखा जाए तो खाना जल्दी ख़राब होता है और फ़ूड पॉयज़निंग का ख़तरा ज़्यादा होता है। या तो ऐसा खाना साथ रखें जो जल्दी ख़राब न हो, या अगर बाहर खाना ही हो तो ऐसी जगह चुनें जहाँ खाना जल्दी ख़त्म होता हो। साथ ही, गर्मी लग रही हो तो जितना हो सके नॉन-वेज से बचें। भोजन के बीच फल साथ रखें या नारियल पानी पिएँ।
- चाय, कॉफ़ी, शराब कम करें: चूँकि ये डायूरेटिक हैं, इसलिए इनकी मात्रा काबू में रखें और ज़्यादा न लें।
- लू से बचने के लिए टोपी: बाहर निकलते समय टोपी पहनना हीट स्ट्रोक से बचने का अच्छा तरीका है, ख़ासकर जब धूप तेज़ हो।
- त्वचा बचाने के लिए सनस्क्रीन: त्वचा को जलने, पिगमेंटेशन और यहाँ तक कि उम्र के असर से बचाने के लिए सनस्क्रीन ज़रूरी है। UV रेडिएशन न सिर्फ़ चेहरे पर उम्र के असर की सबसे आम वजह है, बल्कि 90% स्किन कैंसर धूप में रहने से होता है। 15 या उससे ज़्यादा SPF काफ़ी है और इसे दिन में दो बार लगाना चाहिए।
- समझदारी से कसरत करें: आप सुबह-सवेरे टहलने जा सकते हैं या तैराकी कर सकते हैं। तेज़ धूप में बाहर खेलते हुए ख़ुद पर ज़्यादा ज़ोर न डालें। इससे बहुत थकान हो सकती है, जो आप नहीं चाहेंगे।
General information, not medical advice. If poor sleep goes on for weeks, please see a doctor.
Written by Sunday. We make natural latex mattresses in India, and tell you how many inches of latex are inside. Why Sunday
From ₹7,499. Same price every day.


